पुलिस को बड़ी सफलता : श्रीनगर में दो संदिग्ध आतंकी गिरफ्तार; हथियार, गोला-बारूद और लश्कर-ए-तैयबा के पोस्टर बरामद

Join Us

जम्मू-कश्मीर पुलिस ने श्रीनगर के बाबादेम इलाके में नाकाबंदी के दौरान दो संदिग्ध आतंकियों को गिरफ्तार किया। उनके पास से हथियार, गोला-बारूद और लश्कर-ए-तैयबा के पोस्टर बरामद किए गए। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि यूएपीए और शस्त्र अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज कर ली गई है और आगे की जांच जारी है।
जम्मू-कश्मीर की क्राइम ब्रांच की कश्मीर स्थित आर्थिक अपराध शाखा ने आरोपी अब्दुल मजीद मीर के खिलाफ विभिन्न विभागों और वित्तीय संस्थानों में सरकारी नौकरी दिलाने के बहाने कई लोगों को ठगने के आरोप में तीन अलग-अलग मामले दर्ज किए हैं। जांच एजेंसी की ओर से की गई प्रारंभिक जांच में पता चला है कि आरोपी ने पीडि़तों को सरकारी नौकरी दिलाने का झूठा आश्वासन देकर उनसे बड़ी रकम वसूल की थी।
आरोपी ने पीडि़तों को धोखा देने और उनका विश्वास जीतने के लिए सरकारी एजेंसियों और जम्मू-कश्मीर बैंक के फर्जी नियुक्ति पत्र तैयार किए और उन्हें बांटे। आरोपी की ओर से किए गए कृत्य प्रथम दृष्टया रणबीर दंड संहिता (आरपीसी), पूर्ववर्ती भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) और भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की संबंधित धाराओं के तहत दंडनीय अपराध हैं।
जम्मू-कश्मीर पुलिस ने बताया कि आरोपी अब्दुल मजीद मीर के खिलाफ क्राइम ब्रांच पहले भी दो मामले दर्ज कर चुकी है। पुलिस ने आम जनता से अपील करते हुए कहा कि वे आर्थिक धोखाधड़ी करने वालों से सावधान रहें और ऐसी किसी भी घटना की सूचना सीधे एसएसपी ईओडब्ल्यू कश्मीर (क्राइम ब्रांच जम्मू-कश्मीर) को दें।
11 अप्रैल को शुरू हुए 100 दिवसीय नशा मुक्त जम्मू-कश्मीर अभियान के तहत सोपोर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की। जिले में मादक पदार्थों की तस्करी और दुरुपयोग को रोकने के लिए पुलिस लगातार नशा-विरोधी अभियान, जागरूकता कार्यक्रम और प्रवर्तन अभियान चला रही है। सोपोर पुलिस ने एनडीपीएस अधिनियम के तहत 22 एफआईआर दर्ज की और मादक पदार्थों की तस्करी और संबंधित गतिविधियों में शामिल 23 ड्रग तस्करों को गिरफ्तार किया।

Previous articleबांधवगढ़ में फिर बाघ की मौत, प्रबंधन ने बताया आपसी संघर्ष; उठे कई सवाल
Next articleसीएम का बड़ा फैसला, धार्मिक स्थलों, स्कूलों और बस स्टैंडों के पास शराब की दुकानें होंगी बंद