श्री खंगराले द्वारा पंचशील वन्दना कर सभी के जीवन में शांति एवं मंगल की कामना की गई
सीहोर। नरेन्द्र खंगराले अजाज.पि.वर्ग अल्पसंख्यक कल्याण परिषद म.प्र.द्वारा महाकारूणिक तथागत भगवान बुद्ध की जयंती पूर्णिमा 2589 के अवसर पर वार्ड क्रं. 11 के डॉ.अम्बेडकर नगर में कार्यक्रम आयोजित किया गया। सर्वप्रथम उपस्थितजनों द्वारा भगवान बुद्ध तथा डॉ.अम्बेडकर के चित्र पर माल्यार्पण कर केण्डल जलाकर एवं पुष्प अर्पित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। श्री खंगराले द्वारा पंचशील वन्दना कर सभी के जीवन में शांति एवं मंगल की कामना की गई। उपस्थित जनों द्वारा अपने सम्बोधन में बताया कि भगवान बुद्ध का मानना था कि दुख से मुक्ति केवल आत्मज्ञान और मध्यम मार्ग अपनाने से ही सम्भव है। बुद्ध जयंती जिसे बुद्ध पुर्णिमा के नाम से भी जाना जाता है। जिसे बैशाखी महिने की पूर्णिमा को मनाई जाती है। यह दिन बोद्ध धर्म के अनुयाईयों के लिये बहुत महत्वपूर्ण दिन होता है। बुद्ध पुर्णिमा के दिन ही भगवान बुद्ध का जन्म हुआ। इसी दिन उन्हें ज्ञान की प्राप्ति हुई और इसी दिन उनका महापरिनिर्वाण भी हुआ। क्योंकि यह गौतम बुद्ध के जन्म से लेकर ज्ञान की प्राप्ति और महापरिनिर्वाण की याद दिलाता है। कार्यक्रम में पमुख रूप से समाजसेवी डॉ.अनीस खान, पूर्व सीहोर जिला कांग्रेस अनुसूचित जाति विभाग के अध्यक्ष सीताराम भारती, नरेन्द्र खंगराले, दीपक सोनकर, गेंदालाल राठौर, जयराम जाटव, विशाल मंगरोलिया, नारायण भिलाला, विपिन करगंईयां, जीवनलाल मालवीय, तत्कालीन पार्षद श्रीमती आरती नरेन्द्र खंगराले, श्रीमती माया बाई, पन्नालाल खंगराले आदि उपस्थित रहे।








