नर्मदापुरम। गुजरात निवासी देश के उत्कृष्ट फोटोग्राफर जोगेश ठाकर ने मां नर्मदा के उदगम लेकर समुद्र संगम तक की यात्रा अनेक बार करते हुए मां नर्मदा के घाटों तटों, तथा तट पर रहने वाले आदिवासियाें वनवासियों, व परिक्रमा वासियों के साथ समय गुजार कर उनके अनुभव साजा करते हुए तथा उनके मां नर्मदा के प्रति असीम स्नेह को अपनी फोटो में समाहित किया है। इतना ही नहीं मां नर्मदा की जलधाराओं के अलग अलग समय के फोटो लेकर एक बहुत सुंदर चित्रावली तैयार की है। उन्होंने इस चित्रावली के ग्रंथ में सहयोगी रहे उनके परम मित्र वरिष्ठ समाजसेवी गोपीकांत घोष को तथा भोपाल निवासी मित्र सेवानिवृत्त पुलिस अधिकारी नरेंद्र द्विवेदी को भेंट करने के लिए गुजरात से नर्मदापुरम आए।







