प्रदेश को गरीबी मुक्त बनाने गरीब कल्याण मिशन के क्रियान्वयन की स्वीकृति

Join Us

 पुलिस बैण्ड की स्थापना के लिए 932 नवीन पदों के सृजन की स्वीकृति
डायल-100 सेवा के द्वितीय चरण के संचालन के लिए 1565 करोड़ रूपये की स्वीकृति
भोपाल (आरएनएस)। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में बुधवार को मंत्रि-परिषद की बैठक मंत्रालय में हुई। प्रदेश को वर्ष 2028 तक गरीबी मुक्त बनाने का महत्वाकांक्षी निर्णायक कदम उठाते हुए मंत्रि-परिषद ने गरीब कल्याण मिशन के क्रियान्वयन की स्वीकृति दी। मिशन का उद्देश्य राज्य के गरीब और वंचित वर्गों का आर्थिक उत्थान करते हुये उनकी आय को न्यूनतम आय के स्तर तक लाना है। गरीब कल्याण मिशन संयुक्त रूप से पंचायत एवं ग्रामीण विकास और नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग द्वारा अन्य विभागों के सहयोग से क्रियान्वित किया जायेगा।गरीब कल्याण मिशन मुख्यत: तीन घटकों यथा बहु-आयामी गरीबी इण्डेक्स में सुधार, आजीविका सुदृढ़ीकरण और विद्यमान संगठनों के सशक्तिकरण पर केन्द्रित है। बहु आयामी गरीबी इण्डेक्स के मुख्य बिन्दु महिलाओं और बच्चों का पोषण सुनिश्चित करना, शिशु मृत्यु दर कम करना, गर्भवती महिलाओं का स्वास्थ्य सुनिश्चित करना, माध्यमिक शिक्षा सुनिश्चित करना, माध्यमिक कक्षा तक के छात्रों की स्कूल में उपस्थिति, भोजन पकाने के लिए समुचित ईंधन उपलब्धता, स्वच्छता, पेयजल उपलब्धता, विद्युत कनेक्शन, आवास निर्माण, परिवारों के पास संसाधन उपलब्धता, बैंक खाता की उपलब्धता के साथ वित्तीय समावेश में सुधार किया जायेगा। गरीब कल्याण मिशन-2028, स्थानीय समुदाय के सशक्तिकरण के माध्यम से वर्तमान शासकीय योजनाओं का बेहतर क्रियान्वयन सुनिश्चित करते हुये राज्य की जनता को आत्मनिर्भरता और समृद्धि के पथ पर अग्रसर करने में सहायक सिद्ध होगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने वर्ष-2024 के स्वतंत्रता दिवस के शुभ अवसर पर गरीब कल्याण मिशन-2028 की घोषणा की थी। शासकीय भवनों में सोलर रूफ टॉप संयंत्रों की स्थापना की स्वीकृति मंत्रि-परिषद द्वारा “पीएम सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना” अंतर्गत प्रदेश के शासकीय भवनों में सोलर रूफ टॉप संयंत्रों की स्थापना की स्वीकृति दी है। सोलर रूफ टॉप संयंत्रों की स्थापना मिशन मोड में वर्ष 2025-26 तक की जाना है।
जिला स्तर पर 20 किलोवॉट और उससे अधिक क्षमता वाले शासकीय भवनों को एग्रीगेट कर निविदा के माध्यम से रेस्को पद्धति या कैपेक्स मोड में म.प्र. ऊर्जा विकास निगम लिमिटेड द्वारा योजना का क्रियान्वयन किया जायेगा। केन्द्र सरकार द्वारा “पीएम सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना” प्रारम्भ की गई है। इस योजना के विभिन्न घटकों में घरेलू क्षेत्र में सोलर रूफ टॉप की स्थापना के साथ ही प्रदेश के शासकीय भवनों में सोलर रूफ टॉप संयंत्रों की स्थापना की जाना है। सभी शासकीय भवनों में सोलर रूफ टॉप संयंत्र की स्थापना एवं संचालन की मॉनिटरिंग “पीएम सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना” के अंतर्गत निर्मित की गई “राज्य स्तरीय समन्वय समिति” एवं “जिला स्तरीय समिति” द्वारा की जायेगी। सभी विभाग अपने भवनों पर और सभी जिला कलेक्टर जिले के शासकीय भवनों पर सौर ऊर्जा संयंत्र लगाने के लिये एक्शन प्लान तैयार कर “राज्य स्तरीय समन्वय समिति” के समक्ष प्रस्तुत करेंगे। इस योजना के सफल एवं दक्षतापूर्ण क्रियान्वयन से निश्चित ही प्रदेश सौर ऊर्जा के क्षेत्र में देश के अग्रणी राज्यों में शामिल होगा।

 

Previous articleसेंट्रल वर्ज, साईड वर्ज व हरित क्षेत्रों से मिट्टी, कचरा, सी.एण्ड.डी वेस्ट बेहतर ढंग से साफ कराएं
Next articleगेहूँ खरीदी के लिये 20 जनवरी से होगा किसानों का पंजीयन