वडोदरा में 35 हजार करोड़ रुपये से अधिक की विकास परियोजनाओं का शिलान्यास, उद्घाटन और लोकार्पण करेंगे
पश्चिमी समर्पित माल ढुलाई गलियारे के 326 किलोमीटर लंबे तीन खंड राष्ट्र को होंगे समर्पित
मुंबई में वैश्विक वित्तीय प्रौद्योगिकी महोत्सव-2026 का करेंगे उद्घाटन
नई दिल्ली, ,07 सितंबर ,(आरएनएस)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी मंगलवार, 8 सितंबर 2026 को गुजरात और महाराष्ट्र के दौरे पर रहेंगे। इस दौरान वे वडोदरा में 35 हजार करोड़ रुपये से अधिक की विभिन्न विकास परियोजनाओं का शिलान्यास, उद्घाटन और राष्ट्र को समर्पण करेंगे। प्रधानमंत्री इस अवसर पर जनसभा को भी संबोधित करेंगे।
दौरे के दूसरे चरण में प्रधानमंत्री शाम करीब 5:45 बजे मुंबई में वैश्विक वित्तीय प्रौद्योगिकी महोत्सव (ग्लोबल फिनटेक फेस्ट)-2026 का उद्घाटन करेंगे और कार्यक्रम को संबोधित करेंगे।
पश्चिमी समर्पित माल ढुलाई गलियारे के तीन खंड राष्ट्र को समर्पित
वडोदरा में प्रधानमंत्री पश्चिमी समर्पित माल ढुलाई गलियारे के तीन महत्वपूर्ण खंडों को राष्ट्र को समर्पित करेंगे। इनकी कुल लंबाई 326 किलोमीटर है और इन्हें 20,700 करोड़ रुपये से अधिक की लागत से विकसित किया गया है।
इनमें सानंद (उत्तर)-मकरपुरा, न्यू उंबरगांव-न्यू सफाले और न्यू सफाले-जेएनपीटी खंड शामिल हैं।
इन खंडों के शुरू होने से जवाहरलाल नेहरू पोर्ट प्राधिकरण से सीधी रेल संपर्क सुविधा मजबूत होगी। इससे आयात-निर्यात माल की आवाजाही तेज होगी, औद्योगिक केंद्रों और बंदरगाहों के बीच संपर्क बेहतर होगा, माल ढुलाई की लागत कम होगी और मुंबई के मौजूदा रेल नेटवर्क पर दबाव घटेगा।
इन तीनों खंडों के परिचालन में आने के साथ ही समर्पित माल ढुलाई गलियारा नेटवर्क अपनी पूरी लंबाई में परिचालित हो जाएगा। इससे देश के माल परिवहन तंत्र को मजबूती मिलने के साथ ही बहुआयामी संपर्क, कम पारगमन समय और विभिन्न क्षेत्रों के बीच माल की सुगम आवाजाही को बढ़ावा मिलेगा।
चार स्थानों से मालगाडिय़ों को हरी झंडी
प्रधानमंत्री न्यू सानंद (उत्तर), न्यू मकरपुरा, न्यू उंबरगांव और न्यू जेएनपीटी से मालगाडिय़ों की सेवाओं को हरी झंडी दिखाएंगे। इसके अलावा वे वडोदरा और टांडा रोड के बीच नई रेल सेवा को भी रवाना करेंगे। इस रेल सेवा से वडोदरा, छोटा उदेपुर और अलीराजपुर जिलों के लोगों को लाभ मिलेगा।
प्रधानमंत्री छोटा उदेपुर-धार परियोजना के तहत विकसित जोबत-टांडा रोड नई रेल लाइन को भी राष्ट्र को समर्पित करेंगे। यह रेल लाइन अलीराजपुर के दूरस्थ एवं आदिवासी क्षेत्रों को राष्ट्रीय रेल नेटवर्क से जोड़ेगी।
329 किलोमीटर की तीन रेल परियोजनाओं का शिलान्यास
प्रधानमंत्री 329 किलोमीटर लंबी तीन रेल परियोजनाओं की आधारशिला रखेंगे। इन परियोजनाओं की अनुमानित लागत 9,700 करोड़ रुपये से अधिक है।
इनमें वडोदरा-रतलाम तीसरी और चौथी रेल लाइन, मियागाम करजन-चोरंडा-मलसर आमान परिवर्तन परियोजना तथा विश्वामित्री-दभोई दोहरीकरण परियोजना शामिल हैं।
इन परियोजनाओं से यात्री एवं माल ढुलाई की क्षमता बढ़ेगी, रेल यातायात की भीड़ कम होगी और गुजरात तथा मध्य प्रदेश के बीच संपर्क और बेहतर होगा।
तीन राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाओं का शिलान्यास
प्रधानमंत्री करीब 1,780 करोड़ रुपये की लागत वाली तीन राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाओं की आधारशिला भी रखेंगे।
इनमें राष्ट्रीय राजमार्ग-48 के कामरेज-चलथान खंड को छह लेन का बनाना, राष्ट्रीय राजमार्ग-48 के वडोदरा-सूरत खंड पर तापी और नर्मदा नदियों पर प्रमुख पुलों सहित अतिरिक्त संरचनाओं का निर्माण तथा राष्ट्रीय राजमार्ग-53 पर अभवा, मिंधोला और खजोद जंक्शन पर अलग-अलग स्तर वाली संरचनाओं का निर्माण शामिल है।
इसके अलावा प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राजमार्ग-48 के वडोदरा-सूरत खंड पर सडक़ सुरक्षा बढ़ाने और यातायात संबंधी समस्याओं को कम करने के लिए कंदारी चौकड़ी और लुवारा पाटिया में छह लेन के फ्लाईओवर का उद्घाटन करेंगे।
गुजरात सरकार की 2,600 करोड़ रुपये की परियोजनाएं
प्रधानमंत्री करीब 2,600 करोड़ रुपये की गुजरात सरकार की विभिन्न विकास परियोजनाओं का शिलान्यास और उद्घाटन करेंगे।
शिलान्यास की जाने वाली प्रमुख परियोजनाओं में वडोदरा शहरी विकास प्राधिकरण रिंग रोड चरण-2, कडाना बांध पर 110 मेगावाट की तैरती सौर ऊर्जा परियोजना और वडोदरा नगर निगम के नए कार्यालय भवन का निर्माण शामिल है।
वहीं, प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत आवास परियोजनाओं तथा पूर्वी वडोदरा के 11 गांवों के लिए जलापूर्ति परियोजना समेत अन्य विकास कार्यों का उद्घाटन किया जाएगा।
मुंबई में वैश्विक वित्तीय प्रौद्योगिकी महोत्सव-2026 का उद्घाटन
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी मुंबई में दुनिया के प्रमुख वार्षिक वित्तीय प्रौद्योगिकी सम्मेलनों में शामिल वैश्विक वित्तीय प्रौद्योगिकी महोत्सव-2026 का उद्घाटन करेंगे।
इस महोत्सव का सातवां संस्करण 8 से 11 सितंबर 2026 तक मुंबई में आयोजित किया जा रहा है। वर्ष 2020 से यह आयोजन अंतरराष्ट्रीय विचार-विमर्श के एक महत्वपूर्ण मंच के रूप में उभरा है। इसमें नीति निर्माता, नियामक, केंद्रीय बैंक, वित्तीय संस्थान, वित्तीय प्रौद्योगिकी कंपनियां, प्रौद्योगिकी कंपनियां, निवेशक, शिक्षाविद और अन्य वैश्विक हितधारक वित्त के भविष्य पर विचार-विमर्श करते हैं।
कृत्रिम बुद्धिमत्ता और क्वांटम प्रौद्योगिकी पर रहेगा जोर
महोत्सव-2026 का विषय है— “प्रभाव डालने की क्षमता: एजेंटिक कृत्रिम बुद्धिमत्ता, टोकनीकरण, क्वांटम—समावेशी वित्त के लिए विश्वसनीय, जुड़ी हुई, वैश्विक प्रणालियां।”
इस आयोजन को नीति, विनियमन, प्रौद्योगिकी, पूंजी और उद्योग के लिए साझा मंच के रूप में विकसित किया गया है। इसका उद्देश्य डिजिटल भुगतान और वित्तीय समावेशन के क्षेत्र में भारत के नेतृत्व को और मजबूत करना तथा तकनीकी संभावनाओं को वास्तविक प्रभाव में बदलना है।
सम्मेलन में यह चर्चा होगी कि एजेंटिक कृत्रिम बुद्धिमत्ता, प्रोग्राम योग्य वित्त, क्वांटम प्रौद्योगिकी और अन्य उभरती प्रौद्योगिकियां किस प्रकार दुनिया भर के नागरिकों, उद्यमों और अर्थव्यवस्थाओं के लिए विश्वसनीय, समावेशी और मापने योग्य परिणाम उपलब्ध करा सकती हैं।
प्रधानमंत्री का गुजरात और महाराष्ट्र दौरा बुनियादी ढांचे, रेल एवं सडक़ संपर्क, माल परिवहन, ऊर्जा, शहरी विकास और वित्तीय प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं को गति देने वाला माना जा रहा है।








