भारतीय शेयर बाजार के लिए बीता सप्ताह कारोबारी दिनों के लिहाज से भले ही छोटा रहा हो, लेकिन देश की प्रमुख सूचीबद्ध कंपनियों के लिए यह लाभदायक साबित हुआ। देश की शीर्ष-10 सबसे मूल्यवान कंपनियों में से छह के संयुक्त बाजार पूंजीकरण (मार्केट कैपिटलाइजेशन) में 88,678.10 करोड़ रुपये की वृद्धि दर्ज की गई। इस बढ़त में निजी क्षेत्र के आईसीआईसीआई बैंक ने सबसे शानदार प्रदर्शन करते हुए सबसे अधिक मूल्य जोड़ा।
सप्ताह के दौरान बंबई शेयर बाजार (बीएसई) का प्रमुख सूचकांक सेंसेक्स 297.57 अंक यानी 0.38 प्रतिशत की बढ़त के साथ बंद हुआ, जबकि राष्ट्रीय शेयर बाजार (एनएसई) का निफ्टी 42.90 अंक यानी 0.17 प्रतिशत मजबूत रहा। चार कारोबारी सत्रों वाले इस सप्ताह में तीन दिन बाजार बढ़त के साथ बंद हुआ।
बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कच्चे तेल की कीमतों में नरमी, पश्चिम एशिया में भू-राजनीतिक तनाव कम होने तथा विदेशी संस्थागत निवेशकों की चुनिंदा खरीदारी से निवेशकों का विश्वास मजबूत हुआ। रेलीगेयर ब्रोकिंग लिमिटेड के शोध विभाग के वरिष्ठ उपाध्यक्ष अजीत मिश्रा के अनुसार, इन सकारात्मक संकेतों ने बाजार की धारणा को मजबूत बनाए रखा।
आईसीआईसीआई बैंक ने जोड़ी सबसे अधिक संपत्ति
सप्ताह के दौरान आईसीआईसीआई बैंक के बाजार पूंजीकरण में 29,588.75 करोड़ रुपये की बढ़ोतरी हुई, जिससे उसका कुल मूल्यांकन बढक़र 9,95,610.74 करोड़ रुपये हो गया। इसके बाद एचडीएफसी बैंक का बाजार पूंजीकरण 24,718.30 करोड़ रुपये बढक़र 12,25,981.44 करोड़ रुपये पर पहुंच गया।
देश की सबसे मूल्यवान कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज के बाजार पूंजीकरण में भी 12,043.96 करोड़ रुपये की वृद्धि दर्ज की गई और उसका कुल मूल्यांकन 17,83,926.92 करोड़ रुपये हो गया।
इसके अलावा बजाज फाइनेंस के बाजार पूंजीकरण में 11,580.28 करोड़ रुपये, भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) में 9,322.93 करोड़ रुपये तथा लार्सन एंड टुब्रो में 1,423.88 करोड़ रुपये की वृद्धि दर्ज की गई।
चार कंपनियों को उठाना पड़ा नुकसान
दूसरी ओर, चार बड़ी कंपनियों के बाजार पूंजीकरण में गिरावट दर्ज की गई। सबसे अधिक नुकसान भारती एयरटेल को हुआ, जिसका बाजार पूंजीकरण 35,615.21 करोड़ रुपये घटकर 11,27,348.09 करोड़ रुपये रह गया।
भारतीय जीवन बीमा निगम (एलआईसी) का मूल्यांकन 21,188.74 करोड़ रुपये घटकर 5,35,537.56 करोड़ रुपये पर आ गया। सूचना प्रौद्योगिकी क्षेत्र की प्रमुख कंपनी टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (टीसीएस) के बाजार पूंजीकरण में 11,143.71 करोड़ रुपये की कमी आई और यह 7,58,206.42 करोड़ रुपये रह गया। वहीं, हिंदुस्तान यूनिलीवर के बाजार पूंजीकरण में भी 5,321.83 करोड़ रुपये की गिरावट दर्ज की गई।
शीर्ष-10 कंपनियों की ताजा रैंकिंग
देश की सबसे मूल्यवान कंपनियों की सूची में रिलायंस इंडस्ट्रीज पहले स्थान पर कायम है। इसके बाद क्रमश: एचडीएफसी बैंक, भारती एयरटेल, आईसीआईसीआई बैंक, भारतीय स्टेट बैंक, टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज, बजाज फाइनेंस, लार्सन एंड टुब्रो, भारतीय जीवन बीमा निगम (एलआईसी) और हिंदुस्तान यूनिलीवर का स्थान है।
बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि यदि वैश्विक परिस्थितियां अनुकूल बनी रहीं और विदेशी निवेशकों की खरीदारी जारी रही तो आने वाले दिनों में भारतीय शेयर बाजार में सकारात्मक रुख बना रह सकता है।








