70 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चली आंधी, 18 जून तक प्रदेश में मानसून की दस्तक संभव
भोपाल, (निप्र)। मध्य प्रदेश में मानसून के आगमन से पहले ही प्री-मानसूनी गतिविधियां पूरे प्रदेश में जोर पकड़ चुकी हैं। शनिवार को राजधानी भोपाल सहित कई जिलों में तेज आंधी, बारिश और कुछ स्थानों पर ओलावृष्टि दर्ज की गई। कई क्षेत्रों में हवाओं की रफ्तार 70 किलोमीटर प्रति घंटे से अधिक रही, जिससे जनजीवन प्रभावित हुआ।
रविवार को भी ऐसा ही मौसम बना रहेगा। मौसम विभाग का अनुमान है कि दक्षिण-पश्चिम मानसून सामान्य तिथि से 3 से 4 दिन देरी से आगे बढ़ रहा है और 18 जून के आसपास मध्य प्रदेश में प्रवेश कर सकता है। मौसम केंद्र भोपाल के अनुसार, मानसून के प्रदेश में पहुंचने तक प्री-मानसूनी गतिविधियां लगातार जारी रहेंगी। प्रदेश में सक्रिय ट्रफ लाइन और अन्य मौसमी सिस्टम के प्रभाव से अगले चार दिनों तक आंधी, बारिश और गरज-चमक का दौर बना रहने की संभावना है।
शिवपुरी-अशोकनगर में ऑरेंज अलर्ट, कई जिलों में बारिश की चेतावनी
मौसम विभाग ने रविवार के लिए शिवपुरी और अशोकनगर जिलों में तेज आंधी को लेकर ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। वहीं ग्वालियर, गुना, दतिया, मुरैना, भिंड, श्योपुर, नीमच, मंदसौर, आगर-मालवा, राजगढ़, विदिशा, सागर, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा, सिवनी, बालाघाट, मंडला, डिंडोरी, अनूपपुर, जबलपुर, कटनी, दमोह, पन्ना, छतरपुर, टीकमगढ़ और निवाड़ी समेत कई जिलों में बारिश और गरज-चमक की संभावना जताई गई है।इसके अलावा इंदौर, उज्जैन, रतलाम, झाबुआ, अलीराजपुर, धार, बड़वानी, खरगोन, देवास, हरदा, खंडवा और बुरहानपुर जिलों में आंधी-बारिश के साथ गर्मी और उमस का असर भी बना रह सकता है।शनिवार को मौसम ने अचानक करवट ली और भोपाल, नर्मदापुरम, सीहोर, नरसिंहपुर, पचमढ़ी, पिपरिया, सागर और डिंडोरी सहित कई जिलों में तेज बारिश दर्ज की गई। नर्मदापुरम जिले के इटारसी क्षेत्र में आंधी और बारिश ने सबसे अधिक असर दिखाया। यहां एक पेड़ एंबुलेंस पर गिर गया, जबकि बिजली विभाग का एक कर्मचारी बाल-बाल बच गया। कई स्थानों पर पेड़ उखडक़र सडक़ों पर गिर गए, बिजली लाइनें क्षतिग्रस्त हुईं और एक मेले का मुख्य प्रवेश द्वार भी तेज हवा के कारण धराशायी हो गया। पचमढ़ी में करीब आधे घंटे तक जोरदार बारिश हुई, जबकि गुना में तेज हवाओं ने लोगों को परेशानी में डाल दिया।








