आंगनवाड़ी कार्यकर्ता सहायिका संघ ने दिया धरना

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जायज मांगो के लिए साैंपा गया ज्ञापन

नर्मदापुरम। मध्यप्रदेश महिला बाल विकास विभाग मै कार्यरत आंगनबाडी कार्यकर्ता और सहायिकाओ के प्रदेश आह्वान पर आंगनवाड़ी कार्यकर्ता सहायिका संघ की जायज मांगो का ज्ञापन दिया गया। पिछले 50 बर्षों से शासन की सभी कल्याणकारी योजनाओं को जमीनी स्तर पर फलीभूत कर रही है आम नागरिकों के जन्म से लेकर मृत्यु तक की सभी योजनाएं विना इनके सहयोग के पूर्ण नहीं होती है जन्म पंजीयन से लेकर सभी लाभकारी योजनाओं को इनके माध्यम से हि पूर्ण कराया जा रहा है। किसी भी विभाग का कार्य विना इनके सहयोग के पूर्ण नहीं होता जो कार्य नियमित कर्मचारी जो की लाखो बेतन ले रहे है। अल्प मानदेय बाली कार्यकराओ से पूर्ण कार्य कराये जा रहे है।

जनगणनाए जन सुबवाई, लाडली बहना योजना, मतदाता पुनरिक्षण, बीएलओ, फायलेरिया, मलेरिया, मच्छरदानी वितरण, शौचालय सर्वे, किसी भी एनजीओ का सहयोग करना ग्रामसभा किसी भी जान कल्याणकारी योजना में आंगनबाडी कार्यकर्ता और सहायिका का सहयोग लिया जाता है इन को सहयोग न करने पर पद से पृथक करने की दमकी भी दी जाती है साथ हि उनका खुद का विभागीय कार्य भी पूर्ण नहीं हो पता जिससे उनके मानदेय में भी काटोत्री की जाती है इस तरह वह मानसिक और आर्थिक रूप से परेशान हो जाती है। संघ की महिलाओं ने प्रशांत दुबे चौक पत्रकार भवन के समक्ष धरना देकर अपनी आबाज बुलंद की तथा उसके बाद ज्ञापन सौंपने के लिए कलेक्ट्रेट तक रैली निकाली।

यह हैं प्रमुख मांगे

मप्र में महिला बाल विकास विभाग में कार्यरत समस्त कार्यकर्ता और सहायिकाओ को राज्य अंतर्गत राज्य कर्मचारी के रूप में नियमित करते हुए सभी सुबिधाओं का लाभ दिया जाये।

कार्यकर्ताओ और सहायिकाओ को न्यूनतम पेंशन कम से कम 5000 रुपये दी जाये।केंद्रीय कर्मचारिओं की तरह रिटायरमेंट की आयु 65 बर्ष की जाये। कार्यकर्ता और सहायिका के मानदेय में जो पचास प्रतिशत का अंतर है उसको कम किया जाये क्यूंकि समय सहायिकाओ का भी उपयोग हो रहा है और मंहगाई भी बराबर बढ़ रही है। मृत्यु होने पर उनकी बहु और बेटी को अनुकम्पा नियुक्ति दी जाये। कार्य के दौरान मृत्यु होने पर उनको सांत्वना राशि कम से कम 5 लाख दी जाये। सभी आंगनबाडी केन्द्रो पर टीएचआर की आपूर्ति केन्द्रो पर हि कराई जाये और प्रतिमाह कराई जाये। कार्यकर्ताओ को आयु सीमा के वंधन हटाते हुए पदोन्नति दी जाये। कार्यकर्ताओ और सहायिकाओ को विभागीय कार्य के अलावा सभी कार्यों से मुक्त रखा जाये। आंगनबाडी कार्यकर्ताओ और सहायिकाओं को किसी भी अधिकारी के द्वारा सेवा से पृथक करने की कार्यवाही नहीं की जानी चाहिए यह विभागीय अधिकारिओ के अधिकार सुरक्षित रहे।

इस ज्ञापन सौंपने के दौरान वंदना राजौरिया प्रदेश उपाध्यक्ष भारतीय मजदूर संघ मध्यप्रदेश प्रीति यदुवंशी प्रदेश उपाध्यक्ष आंगनवाड़ी कार्यकर्ता सहायिका संघ मध्य प्रदेश अर्चना राजपूत जिला उपाध्यक्ष भारतीय मजदूर संघ नर्मदापुरम कुंती विश्वकर्मा जिला अध्यक्ष आंगनवाड़ी कार्यकर्ता सहायिका संघ जिला नर्मदा पुरमए सीमा गोहले जिला सचिव आंगनवाड़ी कार्यकर्ता सहायिका संघ जिला नर्मदापुरम जाहिर अली जिला कोषाध्यक्ष आंगनवाड़ी कार्यकर्ता सहायिका संघ जिला नर्मदापुरम और जिले की समस्त आंगनवाड़ी कार्यकर्ता सहायिका उपस्थित रही

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