भुवनेश्वर(आरएनएस)। देश से नक्सलवाद के खात्मे के लिए चलाए जा रहे निर्णायक अभियान में सुरक्षा बलों को एक और ऐतिहासिक सफलता मिली है। कुख्यात नक्सली हिडमा के खात्मे के बाद अब सुरक्षा बलों ने ओडिशा के कंधमाल जिले में माओवादियों की रीढ़ तोड़ दी है। यहां हुए एक भीषण एनकाउंटर में सीपीआई (माओवादी) की सेंट्रल कमेटी के शीर्ष सदस्य गणेश उइके समेत कुल 6 नक्सलियों को मार गिराया गया है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने गुरुवार को खुद इस बड़े ऑपरेशन की जानकारी साझा की और इसे सुरक्षा बलों के लिए एक अभूतपूर्व उपलब्धि बताया।ओडिशा में नक्सल विरोधी अभियानों का नेतृत्व कर रहे वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के अनुसार, यह मुठभेड़ कंधमाल जिले के चाकपाड़ पुलिस स्टेशन क्षेत्र के घने जंगलों में हुई। मारे गए नक्सलियों में दो महिलाएं भी शामिल हैं। 69 वर्षीय गणेश उइके ओडिशा में प्रतिबंधित माओवादी संगठन का प्रमुख चेहरा था और उस पर सरकार ने 1.1 करोड़ रुपये का भारी-भरकम इनाम घोषित कर रखा था। तेलंगाना के नलगोंडा जिले के पुल्लेमाला गांव का रहने वाला उइके अपराध की दुनिया में पक्का हनुमंतु, राजेश तिवारी, चमरू और रूपा जैसे कई कोड नामों से जाना जाता था। उसकी मौत को संगठन के लिए एक बड़ा झटका माना जा रहा है।केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर पोस्ट करते हुए इस ऑपरेशन को नक्सल मुक्त भारत की दिशा में एक ‘मील का पत्थर’ करार दिया। उन्होंने कहा कि इस बड़ी सफलता के साथ अब ओडिशा नक्सलवाद से पूरी तरह मुक्त होने की कगार पर खड़ा है। गृह मंत्री ने केंद्र सरकार के संकल्प को दोहराते हुए कहा कि हम 31 मार्च 2026 से पहले देश से वामपंथी उग्रवाद को जड़ से समाप्त करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। सुरक्षा एजेंसियां इस ऑपरेशन को खुफिया इनपुट और सटीक रणनीति का बेहतरीन उदाहरण मान रही हैं।








