जबलपुर। फेसबुक में हिंदू महिलाओं पर आपत्तिजनक टिप्पणी मामले में जेल गए पूर्व पार्षद शाबान मंसूरी को बुधवार को सत्र न्यायालय से सशर्त जमानत मिल गई। पूर्व पार्षद शाबान की ओर से अधिवक्ता सम्पूर्ण तिवारी,मोहम्मद सादिक खान कादरी और शबाब खान ने पैरवी की।
अपर सत्र न्यायाधीश राजेश कुमार यादव की अदालत ने 25000 रुपए की प्रतिभूति पर रिहा करने का पारित आदेश किया है। उल्लेखनीय है कि पूर्व पार्षद मंसूरी पर आरोप है कि उन्नेहोंने “हिन्दू त्यौहार तीजा पर हिन्दू महिलाओं द्वारा शराब पीने का सार्वजनिक आरोप लगाकर धार्मिक दंगा भड़काने का प्रयास किया है”। मंसूरी ने उक्त विवादित टिप्पणी फेसबुक पर की थी।
जिस पर 27 अगस्त को पूर्व भाजपा अध्यक्ष जीएस ठाकुर, योगेश लोखंड़े, जय सचदेवा, अशोक रोहितास, सर्वेश त्रिपाठी एवं अन्य 8-10 कार्यकर्ताओं ने घमापुर पुलिस थाना पहुंचकर एफआईआर दर्ज कराई थी। सबूत के तौर पर फेसबुक एकाउंट का मोबाइल स्क्रीन शॉट भी प्रस्तुत किया गया था।पुलिस ने धारा 196, 197, 299 बीएनएस के तहत प्रकरण पंजीबध्द करते हुए गिरफ्तारी की थी।








