जबलपुर। शहीद-ए-आजम भगत सिंह की शहादत दिवस के अवसर पर नागरिक अधिकार मंच के द्वारा मदनमहल स्थित सभागार में युवाओं में संविधान के प्रति जागृति विकसित करने की दृष्टि से संविधान जागरूकता कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में पोलीपाथर और परसवाड़ा के 36 युवा शामिल हुए। कार्यशाला में कदम संस्था के संस्थापक योगेश गनोरे व वरिष्ठ कथाकार पंकज स्वामी अतिथि के रूप में उपस्थित हुए।
कथाकार पंकज स्वामी ने कहा कि संविधान सिर्फ अधिकार की बात नहीं करता बल्कि यह नागरिकों को उनके कर्त्तव्य की प्रति भी जागृत करता है। उन्होंने कहा कि संविधान भारतीय संविधान सामाजिक, आर्थिक व राजनैतिक न्याय के सिद्धांत को उल्लेखित करता है। पंकज स्वामी ने कार्यशाला में उपस्थित युवाओं का आह्वान किया कि वे भारतीय संविधान की उद्देशिका को ध्यान में रख कर अभिव्यक्ति, विश्वास, धर्म और उपासना की स्वतंत्रता, प्रतिष्ठा और अवसर की समता के लिए कटिबद्ध रहें।
कदम संस्था के संस्थापक योगेश गनौरे ने कहा कि भारतीय संविधान के भाग 4 क के मूल कर्तव्य में 51 क में प्राकृतिक पर्यावरण के संरक्षण का उल्लेख किया गया है। उन्होंने कहा कि वर्तमान में पर्यावरण संरक्षण एक विश्वव्यापी अभियान है। योगेश गनौरे ने कहा कि उनकी कदम संस्था मुख्य रूप से पेड़ लगाने पर ही कार्य कर रही है। इसके अभियान में जन्मोत्सव पर पौधारोपण अभियान, अंशरोपण और बीजारोपण अभियान संचालित किया जाता है।
जन साहस संस्था के राजू चौधरी ने अपनी संस्था के कार्य पर जानकरी देते हुए युवाओं को गुड टच, बेड टच के पोक्सो एक्ट की कानूनी जानकारी दी। उन्होंने युवाओं को विभिन्न हेल्पलाइन नंबर की जानकारी देते हुए इन नंबरों को डायरी में नोट करने की सलाह दी।
अरमान फाउंडेशन के अब्दुल रहीम ने जेंडर और जेंडर समानता पर विचार रखते हुए समाज में ट्रांस जेंडर कम्युनिटी की परेशानी और उनके प्रति समाज के नजरिये को युवाओं के सामने रखते हुए ट्रांस गेदर कानून की जानकारी प्रदान की।
कार्यक्रम में संस्था के सचिव शिव कुमार द्वारा युवाओं को संविधान प्रस्तावना में दिए गए संवैधानिक मूल्य जैसे सम्प्रभुत्व संपन्न, समाजवादी, पंथनिरपेक्ष, लोकतंत्र और गणराज्य के बारे में विस्तृत जानकारी प्रदान की गई।
कार्यक्रम में संस्था की ओर से कहकशां खानम कादरी, कौशल कबीर, किरण कवाड़े, दीक्षा यादव व अभिषेक चौधरी उपस्थित रहे।








