सशक्त हस्ताक्षर की 32 वीं काव्य गोष्ठी सम्पन्न

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जबलपुर। सशक्त हस्ताक्षर की 32 वी काव्य गोष्ठी जानकीरमन महाविद्यालय परिसर में सम्पन्न हुई। संस्थापक गणेश श्रीवास्तव प्यासा ने अतिथियों, साहित्यकारो का अभिनंदन किया । सरस्वती वंदना हिंदी-बुंदेली की कवयित्री तरूणा खरे ने प्रस्तुत की ၊
मुख्य अतिथि कवि, व्यंग्यकार सुरेश मिश्र विचित्र थे।अध्यक्षता आचार्य डॉ. हरिशंकर दुबे ने की। विशिष्ट अतिथि कवयित्री श्रीमती वंदना सोनी विनम्र,डॉ. सलपनाथ यादव, सारस्वत अतिथि राजेश पाठक प्रवीण विशिष्ठ अतिथि डॉ. सलपनाथ यादव, रवि प्रकाश श्रीवास्तव, शरदचंद पालन,राज सागरी थे।
वक्ताओं ने कहा कि कविता की रसानुभूति से मन में आंनद भाव का संचार होता है। साथ ही जीवन जगत की विविधताओं का ज्ञान भी मिलता है।
समारोह में पूर्व जज मीना भट्ट, सुशील श्रीवास्तव, अभिमन्यु जैन,पूर्व प्राचार्य यशोवर्धन पाठक, विजय तिवारी किसलय, सिद्धेश्वरी सराफ शीलू की गरिमामय उपस्थिति रही ၊
पाथेय द्वारा गाडरवारा से पधारे हास्य व्यंग्य के कवि विजय बेशर्म को सम्मानित किया गया ၊
गोष्ठी का शुभारंभ कछार गाँव से पधारे संगठन सचिव अखिलेश खरे अखिल ने दोहों से किया । बुंदेली के प्रसिद्ध कवि दीनदयाल तिवारी बेताल, महासचिव जी. एल. जैन,प्रकाश सिंह ठाकुर,अमर सिंह वर्मा, लखन रजक, संदीप खरे युवराज, कवि संगम त्रिपाठी, तरुणा खरे,चंद्रप्रकाश श्रीवास्तव, आदर्श श्रीवास्तव, संतोष श्रीवास्तव, अरूण शुक्ल, विवेक चौकसे रविप्रकाश श्रीवास्तव, कालीदास ताम्रकार काली, कृष्णा राजपूत, आशा मालवीय, आनंद शर्मा,डॉ.उदयभानु तिवारी , योगेन्द्र मालवीय,बालमुकुंद लखेरा ने भावप्रधान रचनाये प्रस्तुत की । यू. एस. दुबे,पूर्व जज पुरुषोत्तम भट्ट,अशोक कुमार जैन ने कवियों का अभिनंदन किया।संचालन गणेश श्रीवास्तव प्यासा, आभार प्रदर्शन अध्यक्ष मदन श्रीवास्तव ने किया

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