चेन्नई ,01 सितंबर (आरएनएस)। तमिलनाडु में आगामी राजनीतिक समीकरणों को लेकर कांग्रेस और तमिलगा वेत्री कडग़म के बीच कथित खींचतान के बीच कांग्रेस विधायक दल के नेता थारहाई कुथबर्ट ने बड़ा दावा किया है। उन्होंने कहा कि तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी को प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार के तौर पर समर्थन दिया है और वह इसी दिशा में आगे बढ़ रहे हैं।
कुथबर्ट ने कहा, मुख्यमंत्री ने राहुल गांधी को प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार के रूप में चुना है। वे इसी दिशा में आगे बढ़ रहे हैं। उन्होंने तमिलगा वेत्री कडग़म की ओर से विजय को प्रधानमंत्री पद का संभावित दावेदार बताए जाने को उनके कार्यकर्ताओं के उत्साह का परिणाम बताया।
कांग्रेस नेता का यह बयान ऐसे समय आया है, जब तमिलगा वेत्री कडग़म और कांग्रेस के बीच गठबंधन को लेकर खींचतान की खबरें सामने आ रही हैं। दोनों दलों के बीच आगामी राजनीतिक रणनीति और नेतृत्व को लेकर अलग-अलग दावे किए जा रहे हैं।
थारहाई कुथबर्ट ने स्पष्ट किया कि कांग्रेस अपनी राजनीतिक पहचान और संगठन के साथ स्वतंत्र रूप से काम करती है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस तमिलगा वेत्री कडग़म के अधीन होकर काम नहीं करती।
कुथबर्ट को हाल ही में तमिलनाडु विधानसभा में कांग्रेस विधायक दल का नेता चुना गया है। विधानसभा में उन्हें पहली पंक्ति में स्थान दिया गया है, जहां सामान्यत: विपक्षी दलों के प्रमुख नेताओं को जगह दी जाती है।
इस राजनीतिक घटनाक्रम से कुछ दिन पहले तमिलनाडु के लोक निर्माण विभाग मंत्री आधव अर्जुन ने कहा था कि देश का सर्वोच्च संवैधानिक पद तमिलनाडु के किसी नेता के पास होना चाहिए। उनके इस बयान के बाद राज्य की राजनीति में प्रधानमंत्री पद को लेकर चर्चाएं तेज हो गई थीं।
इसके बाद शनिवार को राज्य के पर्यटन मंत्री और कांग्रेस नेता एस. राजेश कुमार ने कन्याकुमारी में कहा कि यदि तमिलगा वेत्री कडग़म ने वर्ष 2029 के लोकसभा चुनाव में राहुल गांधी को प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार के रूप में समर्थन नहीं दिया, तो कांग्रेस के मंत्री मंत्रिमंडल से इस्तीफा दे देंगे।
राजेश कुमार ने दावा किया कि राहुल गांधी वर्ष 2029 में देश के प्रधानमंत्री बनेंगे। उनके इस बयान ने तमिलनाडु में कांग्रेस और तमिलगा वेत्री कडग़म के बीच संभावित राजनीतिक गठजोड़ तथा नेतृत्व को लेकर चल रही बहस को और तेज कर दिया है।
फिलहाल, कांग्रेस नेताओं के इन बयानों के बीच तमिलगा वेत्री कडग़म की ओर से विजय की प्रधानमंत्री पद की दावेदारी और राहुल गांधी के समर्थन को लेकर स्थिति पर राजनीतिक निगाहें बनी हुई हैं।








