नई दिल्ली (आरएनएस)। देश के कई राज्यों में इस वक्त आसमान से आफत बरस रही है। लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के कारण हालात बेकाबू हो गए हैं और आम जनजीवन बुरी तरह से अस्त-व्यस्त हो गया है। दक्षिण में केरल से लेकर उत्तर में जम्मू-कश्मीर और उत्तराखंड तक बाढ़ और लैंडस्लाइड ने भारी तबाही मचा रखी है। कुदरत के इस भयानक प्रकोप के चलते अब तक कई लोगों की जान जा चुकी है और पहाड़ों पर दहशत का माहौल है। केरल में बारिश ने विकराल रूप ले लिया है। राज्य के कई हिस्सों में लैंडस्लाइड और बाढ़ की वजह से अब तक छह लोगों की दर्दनाक मौत हो चुकी है, जबकि छह अन्य लोग अभी भी लापता बताए जा रहे हैं। प्रशासन युद्ध स्तर पर बचाव कार्य में जुटा है। बेघर हुए लोगों की मदद के लिए सरकार ने 65 राहत शिविर स्थापित किए हैं, जहां अब तक 1,465 लोगों को सुरक्षित निकालकर पहुंचाया गया है।
कर्नाटक: गहरी नींद में सो रहे परिवार पर टूटा पहाड़
कुदरत का सबसे क्रूर चेहरा कर्नाटक के शिवमोग्गा जिले में देखने को मिला है। रविवार सुबह यहां एक पहाड़ी खिसकने से हुए भारी लैंडस्लाइड में एक ही परिवार के तीन लोगों की जान चली गई। मृतकों की पहचान 35 वर्षीय मल्लिकार्जुन, उनकी 28 साल की पत्नी नागवेणी और महज 3 साल के मासूम बेटे संतोष के रूप में हुई है। दिल दहला देने वाली बात यह है कि जब यह हादसा हुआ, उस वक्त तीनों पहाड़ी की तलहटी में बने अपने घर में गहरी नींद में सो रहे थे।
जम्मू-कश्मीर में बादल फटने से मची भारी तबाही
पहाड़ी राज्य जम्मू-कश्मीर में भी सैलाब ने लोगों की सांसें अटका दी हैं। किश्तवाड़ जिले के छतरू इलाके में शनिवार को अचानक बादल फटने से भयानक बाढ़ आ गई। पानी के तेज बहाव ने कई मकानों और दुकानों को अपनी चपेट में ले लिया। सडक़ों पर मलबे का अंबार लग गया है और दो कारें तिनके की तरह बह गईं। किसी भी तरह के खतरे को टालने के लिए प्रशासन ने एहतियात के तौर पर किश्तवाड़, डोडा और रामबन के सभी स्कूलों को बंद रखने के सख्त निर्देश दिए हैं।
उत्तराखंड में हाईवे धंसे, 7 अगस्त तक भारी अलर्ट
देवभूमि उत्तराखंड में भी लगातार हो रही बारिश से पहाड़ों का दरकना जारी है। उत्तरकाशी में यमुनोत्री नेशनल हाईवे पर भयानक लैंडस्लाइड हुआ है, जिसने तीर्थयात्रियों और स्थानीय लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। उधर, चमोली के गौचर के पास कमेड़ा में बद्रीनाथ हाईवे का करीब 20 मीटर लंबा हिस्सा अचानक धंस गया। इसके चलते हाईवे पर गाडिय़ों की रफ्तार थम गई है और फिलहाल यातायात को वन-वे कर दिया गया है। मौसम विभाग ने सख्त चेतावनी जारी करते हुए कहा है कि 7 अगस्त तक मौसम का मिजाज इसी तरह खतरनाक बना रहेगा।








