जहाजों पर हमले को लेकर विदेश मंत्री जयशंकर ने मार्को रूबियो से की बात, जताया विरोध

Join Us

नईदिल्ली,(आरएनएस)। ओमान की खाड़ी में जहाजों पर हुए हमलों में 3 भारतीयों के मौत के बाद विदेश मंत्री एस जयशंकर ने अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को रूबियो से बात की है। इस दौरान जयशंकर ने हमलों की निंदा करते हुए कड़ा विरोध जताया। विदेश मंत्री ने इसकी जानकारी देते हुए कहा, मैंने खाड़ी में अमेरिकी नौसेना के हमलों पर भारत का कड़ा विरोध दोहराया है। इसमें 3 भारतीय नाविक मारे गए। वाणिज्यिक जहाजों के खिलाफ ऐसी जानलेवा कार्रवाई सही नहीं है।घटना के बाद विदेश मंत्रालय ने नई दिल्ली में अमेरिकी दूतावास के डिप्टी चीफ ऑफ मिशन और चार्ज डीअफेयर्स जेसन मीक्स को दूसरी बार तलब किया था। भारत ने वाणिज्यिक जहाजों पर हुए हमलों को बेहद चिंताजनक बताते हुए इस मुद्दे को अमेरिका के सामने सख्ती से उठाया था। मंत्रालय ने स्पष्ट किया कि भारतीय नाविकों की जान को खतरे में डालने वाले ऐसे हमले पूरी तरह अस्वीकार्य हैं और वाणिज्यिक जहाजों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की थी। 10 जून को एमटी सेत्तेबेल्लो नामक जहाज पर अमेरिकी नौसेना ने हमला किया था। इस जहाज पर कुल 24 भारतीय चालक दल के सदस्य सवार थे, जिनमें से 21 को सुरक्षित बचा लिया गया, जबकि 3 की मौत हो गई। मृतकों की पहचान हिमाचल प्रदेश के रहने वाले आदित्य शर्मा (23), विशाखापट्टनम के पत्नाला सुरेश (44) और उत्तर प्रदेश के रहने वाले शिवानंद चौरसिया (38) के रूप में हुई है। घटना के बाद संयुक्त राष्ट्र (यूएन) और अंतरराष्ट्रीय समुद्री संगठन (आईएमओ) समेत कई अंतरराष्ट्रीय संस्थाओं ने अमेरिकी कार्रवाई की आलोचना की है।
आईएमओ ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय शिपिंग और समुद्र में काम करने वाले लोगों की सुरक्षा का हर हाल में सम्मान होना चाहिए। संगठन के महासचिव आर्सेनियो डोमिंग्वेज ने कहा कि ऐसी किसी भी कार्रवाई की कड़ी निंदा की जानी चाहिए जिससे नाविकों की जान को खतरा हो।अमेरिका ने इस हफ्ते ओमान की खाड़ी में ऐसे 3 जहाजों पर हमला किया है, जिसके चालक दल में भारतीय थे। पहला हमला 8 जून को एमटी मैरीवेक्स पर हुआ था।

 

Previous articleकोच्चि एयरपोर्ट पर एयर अरबिया विमान की इमरजेंसी लैंडिंग, फुल इमरजेंसी के बीच बाल-बाल बची 170 जानें!
Next articleसावधान: खाने-पीने की चीजों की पैकिंग में हो रहा पिन और तार का इस्तेमाल, ने उठाया बड़ा कदम