भोपाल।(आरएनएस)। राजधानी भोपाल में उजागर हुई अवैध ड्रग्स फैक्ट्री ने पूरे प्रदेश को चौंका दिया है। डीआरआई की कार्रवाई में करोड़ों रुपए की मेफेड्रोन ड्रग्स और भारी मात्रा में कच्चा माल बरामद हुआ। इस मामले में कांग्रेस की छात्र इकाई एनएसयूआई ने आरोप लगाया की घटना साफ प्रदेश सरकार की आँखों के सामने नशे का व्यापार फलता-फूलता रहा और शासन कुंभकरण की नींद सोता रहा।इसी मामले को लेकर बुधवार को एनएसयूआई ने अनोखा प्रदर्शन किया। एनएसयूआई कार्यकर्ताओं ने ढोल ताशे और सीटियों के माध्यम से सरकार को उसकी गहरी नींद से जगाने का प्रयास किया।एनएसयूआई प्रदेश उपाध्यक्ष आदित्य सोनी ने कहा की जिस प्रकार से न जाने कितने समय से राजधानी भोपाल में उक्त अवैध फैक्ट्री नशे का व्यापार कर युवाओं एवं छात्रों के बिच इस जहर को घोलने का कार्य कर रही थी, डीआरआई ने न सिर्फ वहां से करीब 92 करोड़ की ड्रग्स बरामद करी है बल्कि 595 किलो कच्चा माल भी जब्त किया है।यह सिर्फ एक ड्रग्स फैक्ट्री का मामला नहीं, इस तरह के और भी कई मामले जैसे गत वर्ष अक्टूबर महीने में गुजरात से आई 1800 करोड़ की ड्रग एनसीबी ने भोपाल से बरामद करी थी, जिसके अलावा तस्करों के बड़े रैकेट का खुलसा भी भोपाल से ही हुआ है। सोनी ने कहा की राजधानी भोपाल नशे की राजधानी बनने की ओर अग्रसर है और प्रदेश सरकार कुंभकरण की नींद सो रही है।भोपाल एनएसयूआई जिला अध्यक्ष अक्षय तोमर ने कहा की यह प्रदर्शन मध्यप्रदेश शासन को चेतावनी है कि यदि नशे के कारोबारियों और उन्हें संरक्षण देने वालों पर कठोर कार्रवाई नहीं हुई, तो एनएसयूआई सडक़ों पर और भी बड़े आंदोलन करेगी।
इस दौरान एनएसयूआईप्रदेश उपाध्यक्ष विदुषी शर्मा, प्रदेश उपाध्यक्ष रवी परमार, जिला महासचिव तारिक खान, जिला महासचिव रेहान अहमद, एकांत गुर्जर,मुकुल परासर, वरुण निमोड़ा, संस्कार प्रजापती, हर्ष पाठक, अजय उईके, प्रवीण, उमंग रघुवंशी, अभिषेक जाटव,आकांक्षा मिश्रा, मानसी प्रधान, युवराज वर्मा, राजा रघुवंशी एवं अन्य साथी शामिल रहे।








