मध्यप्रदेश में तेज बारिश से बढ़ी परेशानी, अगले तीन दिन तेज बारिश का अलर्ट

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भोपाल(आरएनएस)। मध्य प्रदेश में बारिश का स्ट्रॉन्ग सिस्टम एक्टिव है। जिससे लगातार तेज बारिश का दौर चल रहा है। मंगलवार को भारी बारिश का दौर जारी रहा। भोपाल में सोमवार रात से बारिश हो रही है। इससे कई इलाकों में जलभराव के हालात बन गए हैं। कई कॉलोनियों और सडक़ों पर दो फीट तक पानी हैं। इसके साथ ही कई जिलों तेज बारिश हुई। जिस वजह से नदी-नाले उफान पर हैं। भारी बारिश को देखते हुए भोपाल, नर्मदापुरम, रायसेन, विदिशा, शिवपुरी में बुधवार को सभी स्कूलों में अवकाश घोषित किया गया है। गुना में 1 अगस्त तक छुट्टी के आदेश जारी किए गए हैं। गुना के बमोरी के कलोरा में डैम की वेस्ट बीयर टूट गई। यहां डैम ओवरफ्लो हो गया है। इससे आसपास के गांवों में पानी भरने की आशंका बनी हुई है। एहतियातन प्रशासन ने सेना को बुलाया है। वहीं, उकावद गांव में नाला उफान पर आने से गांव में पानी भर गया।तवा, सारणी समेत कई बांधों के गेट खुले।
इटारसी में तवा डैम के 9 गेट 7-7 फीट की ऊंचाई तक खोलकर एक लाख क्यूसेक पानी छोड़ा जा रहा है। तवा डैम का वर्तमान जलस्तर 1159.80 फीट है। बैतूल के सारणी में सतपुड़ा बांध के 5 गेट 2.2 फीट की ऊंचाई पर खोले गए हैं। पिछले 24 घंटे में बांध के कैचमेंट एरिया में 32 एमएम बारिश दर्ज की गई है।मौसम विभाग की सीनियर वैज्ञानिक डॉ. दिव्या ई. सुरेंद्रन ने बताया कि मंगलवार को प्रदेश में लो प्रेशर एरिया (कम दबाव का क्षेत्र) और ट्रफ की एक्टिविटी रही। इस वजह से अति भारी या भारी बारिश का दौर बना रहा। बुधवार को भी तेज बारिश होने का अलर्ट जारी किया गया है।
8 जिलों में बारिश का कोटा पूरा
मध्यप्रदेश के ग्वालियर, शिवपुरी, अशोकनगर, मुरैना, श्योपुर, छतरपुर, टीकमगढ़ और निवाड़ी में बारिश का कोटा पूरा हो गया है। यहां सामान्य से 37त्न तक ज्यादा पानी गिर चुका है। टीकमगढ़-निवाड़ी में सबसे ज्यादा 42 इंच बारिश हुई है, जबकि इंदौर में 10 इंच पानी भी नहीं गिरा है। वहीं, भोपाल और जबलपुर में सीजन की आधी बारिश हुई है। प्रदेश में 16 जून को मानसून ने आमद दी थी। तब से अब तक औसत 25.4 इंच बारिश हो चुकी है। अब तक 16.5 इंच पानी गिरना था। इस हिसाब से 8.9 इंच पानी ज्यादा गिर चुका है। प्रदेश की सामान्य बारिश औसत 37 इंच है।

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