ढाका,(ए)। बांग्लादेश में शेख हसीना सरकार का तख्तापलट के बाद से ही पड़ोसी देश में हिंसा और अत्याचार का दौर जारी है। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से जब बांग्लादेश के बारे में पूछा तो उन्होंने साफ कहा कि भारत के पीएम नरेंद्र मोदी इससे निपट लेंगे। लगता है इसके बाद भी बांग्लादेश की अंतरिम सरकार के प्रमुख मोहम्मद यूनुस ने कहा कि वह अपदस्थ पीएम शेख हसीना को भारत से वापस लेकर ही दम लेंगे। उन्होंने कहा कि हसीना को न्यायिक प्रक्रिया का सामना करना ही होगा।
मुहम्मद यूनुस ने कसम खाई है कि वह अपदस्थ शेख हसीना शासन के प्रमुख लोगों को सजा से बचने की अनुमति नहीं देंगे। साथ ही उन्होंने कहा कि यदि शेख हसीना और उनके लोगों को न्याय के कठघरे में नहीं लाया गया तो देश की जनता उन्हें और उनकी सरकार को कभी माफ नहीं करेगी। उन्होंने एक इंटरव्यू में यह बात कही। उन्होंने कहा कि हम शेख हसीना को न्याय के कठघरे में लाएंगे। यूनुस ने शेख हसीना के प्रत्यर्पण पर कहा कि उन्होंने भारत को नोटिस भेजा है कि शेख हसीना को वापस भेजा जाए।
यूनुस ने यूएन की रिपोर्ट का हवाला देते हुए कहा कि शेख हसीना के अपराध के बारे में उनके पास पर्याप्त सबूत हैं। बता दें कि यूनुस शेख हसीना के खिलाफ कथित नरसंहार और लोगों को जबरन गायब करने के मामले में मुकदमा चलाना चाहते हैं। उन्होंने कहा कि इस बाबत उनकी सरकार ने पहले ही कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है, इसलिए उनको उम्मीद है कि कानूनी प्रक्रिया जारी रहेगी और हम शेख हसीना और उनके समर्थक को न्याय के कठघरे में लाएंगे। माना जाता है कि बांग्?लादेश में हिंसा के दौरान सुरक्षा बलों द्वारा गोली चलाने से मारे गए लोगों में से 13 फीसद बच्चे थे। दूसरी तरफ बांग्लादेश पुलिस ने भी बताया कि उसके 44 अधिकारी मारे गए हैं।








