न्यूयॉर्क ,(आरएनएस)। भारतीय मूल की अमेरिकी अंतरिक्ष यात्री सुनीता विलियम्स लगातार सात महीने से अंतरिक्ष में हैं और अब उन्हें धरती पर चलना फिर से सीखना पड़ेगा। विलियम्स ने हाल ही में एक स्कूल में छात्रों को संबोधित करते हुए कहा कि वह अंतरिक्ष में इतने लंबे समय तक रहने के बाद चलने के तरीके को भूल गई हैं।
विलियम्स ने कहा, ‘अब मैं यहां काफी लंबे समय से हूं। अब मुझे याद करना पड़ रहा है कि चलना कैसे है? मैं अरसे से चली नहीं हूं। नीचे बैठी नहीं हूं। मैं लेटी भी नहीं हूं। हालांकि यहां ऐसा करने की जरूरत भी नहीं पड़ती है। आप बस आंखें मूंदे रखिये और यहां तैरते रहिये।’ विलियम्स और उनके साथी बुच विल्मोर जून 2024 से अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (ढ्ढस्स्) पर हैं। उनकी वापसी के लिए भेजा गया स्पेसक्राफ्ट खराब हो जाने के कारण वे फंसे हुए हैं।
इस बीच, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने उद्योगपति एलन मस्क की कंपनी स्पेसएक्स से इन अंतरिक्ष यात्रियों को वापस लाने का अनुरोध किया है।
नासा का कहना है कि विलियम्स और विल्मोर पूरी तरह से स्वस्थ हैं और उनका मनोबल उच्च है। हालांकि, लंबे समय तक शून्य गुरुत्वाकर्षण में रहने के कारण उनके शरीर पर कुछ प्रभाव पड़े हैं।
सुनीता विलियम्स जून 2024 में अंतरराष्ट्रीय स्पेस स्टेशन पर आने के बाद वापस धरती पर इसलिए नहीं लौट पाईं थीं कि उन्हें लाने वाला अंतरिक्षयान स्टारलाइनर खराब हो गया था और उससे वापसी सुरक्षित नहीं है। सुनीता समेत दोनों अंतरिक्ष यात्रियों को अगस्त तक वापस लौटना था। हालांकि नासा ने लगातार कहा है कि अंतरिक्ष यात्री फंसे नहीं हैं और वे स्वस्थ और अच्छे लोगों से जुड़े हैं।








