मलप्पुरम (केरल),(आरएनएस)। दुबई जाने वाली स्पाइसजेट की उड़ान में अनिश्चितकालीन देरी से नाराज यात्रियों ने शुक्रवार को केरल के करिपुर अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डे पर विरोध-प्रदर्शन किया। उड़ान को शुक्रवार शाम छह बजे रवाना होना था, लेकिन यात्रियों का आरोप है कि बिना किसी पूर्व सूचना के उड़ान रोक दी गई। इसके कारण 50 से अधिक यात्री कई घंटों से हवाईअड्डे पर फंसे हुए हैं। इनमें महिलाएं, बच्चे और बुजुर्ग भी शामिल हैं।
यात्रियों के अनुसार, वे निर्धारित समय पर हवाईअड्डे पहुंच गए थे, लेकिन उड़ान में देरी का स्पष्ट कारण उन्हें नहीं बताया गया। यात्रियों का कहना है कि एयरलाइन अधिकारियों से बार-बार जानकारी मांगने के बावजूद उन्हें यह तक नहीं बताया गया कि उड़ान कब रवाना होगी। इससे यात्रियों में नाराजगी बढ़ती गई और उन्होंने हवाईअड्डे पर विरोध शुरू कर दिया। फंसे यात्रियों ने आरोप लगाया कि उन्हें प्रतीक्षा कक्ष में रोक दिया गया, लेकिन पीने के पानी जैसी बुनियादी सुविधाएं भी उपलब्ध नहीं कराई गईं। यात्रियों का कहना है कि उन्हें बदले हुए उड़ान समय की भी कोई स्पष्ट जानकारी नहीं दी गई एक यात्री ने कहा कि बड़ी संख्या में लोग यहां घंटों से इंतजार कर रहे हैं, लेकिन अधिकारियों की ओर से कोई स्पष्ट जवाब नहीं दिया जा रहा है।
यात्रियों का यह भी आरोप है कि उन्हें भोजन, पानी और ठहरने जैसी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध नहीं कराई गईं। उनका कहना है कि लंबे समय तक बिना किसी निश्चित समय के इंतजार करना विशेष रूप से महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों के लिए परेशानी का कारण बन रहा है।
दुबई जाने वाले कई यात्रियों ने बताया कि उन्हें रोजगार और अन्य जरूरी कार्यों के सिलसिले में समय पर पहुंचना था। उड़ान में अनिश्चितकालीन देरी के कारण उन्हें अपनी नौकरी और अन्य व्यावसायिक जिम्मेदारियों को लेकर चिंता सताने लगी है। यात्रियों ने एयरलाइन की कार्यप्रणाली पर नाराजगी जताते हुए कहा कि पहले भी स्पाइसजेट की उड़ानों में देरी और यात्रियों को पर्याप्त जानकारी नहीं देने की शिकायतें सामने आती रही हैं।
यात्रियों ने आरोप लगाया कि टिकट का पूरा किराया लेने के बावजूद एयरलाइन यात्रियों को समय पर सूचना देने और उनकी आवश्यकताओं का ध्यान रखने में विफल रही है। उनका कहना है कि उड़ान में किसी भी तरह की तकनीकी या अन्य समस्या होने पर यात्रियों को स्पष्ट जानकारी दी जानी चाहिए थी।
स्पाइसजेट की ओर से फिलहाल उड़ान में देरी के कारण को लेकर कोई आधिकारिक स्पष्टीकरण सामने नहीं आया है। यह स्पष्ट नहीं है कि उड़ान में देरी तकनीकी खराबी के कारण हुई है या किसी अन्य वजह से। यात्रियों का कहना है कि उन्हें एयरलाइन की ओर से संशोधित रवाना होने के समय की भी जानकारी नहीं दी गई है।
यात्रियों ने नागरिक उड्डयन महानिदेशालय के नियमों का हवाला देते हुए कहा कि उड़ान में लंबी देरी की स्थिति में यात्रियों को आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराना एयरलाइन की जिम्मेदारी है। उनका आरोप है कि करिपुर हवाईअड्डे पर इन जिम्मेदारियों का पर्याप्त रूप से पालन नहीं किया गया।
लगातार इंतजार और अधिकारियों से स्पष्ट जवाब नहीं मिलने के बाद यात्रियों ने नागरिक उड्डयन मंत्रालय से मामले में तत्काल हस्तक्षेप करने की मांग की है। यात्रियों ने चेतावनी दी है कि यदि अगले कुछ घंटों में उड़ान रवाना नहीं होती और उन्हें स्थिति की स्पष्ट जानकारी नहीं दी जाती, तो उनका विरोध-प्रदर्शन और तेज हो सकता है।
यात्रियों का कहना है कि वे अपनी यात्रा को लेकर अनिश्चित स्थिति में हैं और उन्हें यह भी पता नहीं है कि उन्हें और कितनी देर हवाईअड्डे पर इंतजार करना पड़ेगा। प्रदर्शन कर रहे यात्रियों ने एयरलाइन से तत्काल उड़ान की स्थिति स्पष्ट करने और आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने की मांग की है।








