राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आगामी 20 जून को ओडिशा के मयूरभंज जिले में स्थित संताली समुदाय के परम पूजनीय और ऐतिहासिक धार्मिक स्थल ‘गोसानी’ में विशेष पूजा-अर्चना करेंगे। प्रशासनिक सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, इस विशिष्ट कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी राष्ट्रपति मुर्मू के ससुराल के पैतृक गांव पहाड़पुर का भी दौरा करेंगे। यह अवसर इसलिए भी बेहद खास है क्योंकि इसी दिन राष्ट्रपति का 68वां जन्मदिवस भी है, जिसे यादगार बनाने के लिए दोनों शीर्ष नेता वहां आयोजित होने वाले पारंपरिक संताली मांगलिक अनुष्ठानों में सम्मिलित होंगे। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, 20 जून की दोपहर के वक्त प्रधानमंत्री मोदी का विशेष विमान पहाड़पुर में बने अस्थाई हेलीपैड पर लैंड करेगा, जहां से वे सीधे गोसानी स्थल के लिए प्रस्थान करेंगे। वहीं, राष्ट्रपति मुर्मू का इस वीवीआईपी दौरे से ठीक एक दिन पहले यानी 19 जून को ही अपने गृह क्षेत्र रायरांगपुर पहुंचने का कार्यक्रम तय किया गया है। संताली भाषा और संस्कृति की प्रख्यात शोधकर्ता दमयंती बेशरा के अनुसार, ‘गोसानी’ आदिम समुदाय के ग्राम देवता, पूर्वजों की पवित्र आत्माओं तथा कबीले के आध्यात्मिक संरक्षकों का मुख्य वास स्थान माना जाता है। संताली समाज में मान्यता है कि किसी भी नए व शुभ कार्य की शुरुआत करने अथवा लंबी यात्राओं से सकुशल घर वापसी की कृतज्ञता प्रकट करने के लिए गोसानी में शीश नवाया जाता है। इस स्थल की पवित्रता का नियम इतना कड़ा है कि परिसर में प्रवेश करने वाले हर बाहरी व्यक्ति को संताली पारंपरिक वेशभूषा धारण करनी होती है; यहां तक कि वीवीआईपी सुरक्षा में तैनात वर्दीधारी जवान भी नियमानुसार संताली वस्त्र ओढक़र ही वहां कदम रखते हैं।








