औरंगाबाद जिले के गोह प्रखंड से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जिसने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है। उपहारा गांव में एक पिता पर अपने ही 13 वर्षीय बेटे की बेरहमी से हत्या करने और शव को नदी किनारे दफनाने का आरोप लगा है। घटना के बाद गांव में दहशत और आक्रोश का माहौल है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी पिता और सौतेली मां को गिरफ्तार कर लिया है और मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है।
विवाद बना मौत की वजह
जानकारी के मुताबिक, मृतक खेसरिया कुमार का अपनी सौतेली मां मंजू देवी से किसी बात को लेकर विवाद हो गया था। बताया जा रहा है कि मंजू देवी रिश्ते में उसकी मौसी भी लगती है। विवाद के बाद महिला ने अपने पति से शिकायत की, जिसके बाद गुस्से में आकर पिता ने बेटे की लाठी-डंडों से बेरहमी से पिटाई कर दी। पिटाई इतनी गंभीर थी कि बच्चा वहीं गिर पड़ा, लेकिन आरोपी का दिल नहीं पसीजा।
अमानवीयता की हद पार
पुलिस की शुरुआती जांच में खुलासा हुआ है कि घायल अवस्था में भी बच्चे को इलाज के लिए अस्पताल नहीं ले जाया गया। आरोप है कि पिता ने बेटे के हाथ-पैर बांधकर उसे तपती धूप में गर्म बालू पर छोड़ दिया। भीषण गर्मी और चोटों के कारण उसकी हालत बिगड़ती चली गई और अंतत: उसकी मौत हो गई।
सबूत मिटाने की कोशिश
घटना के बाद आरोपी ने सबूत मिटाने की कोशिश की। पुलिस के अनुसार, वह शव को करीब 7 किलोमीटर दूर अरवल जिले के बंशी थाना क्षेत्र स्थित पुनपुन नदी के बालूघाट पर ले गया और वहां दफना दिया। शव को ले जाने के लिए बाइक और स्कॉर्पियो वाहन का इस्तेमाल किए जाने की आशंका जताई जा रही है।
ग्रामीणों की सूचना से खुला राज
मामले का खुलासा तब हुआ जब ग्रामीणों ने पुलिस को गुप्त सूचना दी। इसके बाद उपहारा थाना पुलिस ने अरवल जिले की बंशी थाना पुलिस के साथ मिलकर दंडाधिकारी की मौजूदगी में बालूघाट की खुदाई कर शव बरामद किया। एफएसएल टीम को भी जांच में लगाया गया है और घटनास्थल से कई अहम साक्ष्य जुटाए गए हैं। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। पुलिस का कहना है कि मामले के हर पहलू की बारीकी से जांच की जा रही है और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।








